दिल्ली हाई कोर्ट ने भारतीय हाकी टीम के पूर्व कोच जोकिम कार्वाल्हो की जनहित याचिका पर बुधवार को केंद्र सरकार और हाकी इंडिया को नोटिस जारी किया।
कार्वाल्हो ने इस याचिका में हाकी इंडिया (एचआई) पर आरोप लगाया गया है कि वह खिलाड़ियों को विश्व सीरीज हाकी (डब्ल्यूएसएच) में भाग लेने की दशा में कड़ी कार्रवाई की धमकी दे रहा है। डब्ल्यूएसएच का आयोजन भारतीय हाकी महासंघ (आईएचएफ) और निम्बस स्पोर्ट मिलकर कर रहे हैं।
कार्यकारी मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति एके सिकरी और न्यायमूर्ति राजीव सहाय की खंडपीठ ने कहा कि हाकी इंडिया को अपना जवाब तीन दिन के अंदर देना होगा। इस मामले की अगली सुनवाई सात दिसंबर को होगी।
कार्वाल्को ने याचिका में कहा कि हाकी इंडिया ने खिलाड़ियों को धमकी दी है कि यदि वे डब्ल्यूएसएच में खेलते हैं तो उन्हें राष्ट्रीय टीम में नहीं चुना जाएगा। आईएचएफ और एचआई की बीच कानूनी लड़ाई चल रही है। कार्वाल्हो की तरफ से उपस्थित एडवोकेट जयंत भूषण ने कहा कि पहली बार हमारे हाकी खिलाड़ियों को विश्व सीरीज हाकी में खेलकर कुछ पैसा मिल रहा है और एचआई उन्हें खेलने से रोक रहा है।
केंद्र की तरफ से उपस्थिति अतिरिक्त सालिसिटर जनरल एएस चंडियोक ने कहा कि इसमें सरकार की कोई भूमिका नहीं है और वह डब्ल्यूएसएच के आयोजन के लिए व्यावसायिक दरों पर अपने स्टेडियम मुहैया करा रहा है।


