नई दिल्ली। केंद्रीय खेल मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) अजय माकन ने शुक्रवार को कहा कि वह संशोधित राष्ट्रीय खेल विकास विधेयक को संसद के शीतकालीन सत्र में पेश करने की उम्मीद कर रहे हैं। माकन ने कहा, "हम इस विधेयक को शीतकालीन सत्र में सदन के पटल पर रखने की उम्मीद कर रहे हैं। मंत्रियों के बीच इस विधेयक को लेकर चर्चा शुरू कर दी गई है।"
माकन ने हालांकि कहा कि उनके सामने संशोधित खेल विधेयक को संसद के समक्ष पेश करने की चुनौती है। इससे पहले कैबिनेट ने माकन द्वारा पेश खेल विधेयक को नकार दिया था। माकन ने कहा, "मैं इस नए विधेयक को संसद में पेश करने और इसे पारित कराने के प्रयास में जुटा हूं। यह काम शीतकालीन सत्र में हो जाना चाहिए।" इस विधेयक को बीते सत्र में कैबिनेट ने नकार दिया था। कैबिनेट ने माकन से इस विधेयक पर फिर से काम करने को कहा था।
कैबिनेट की दलील थी कि इस विधेयक के माध्यम से खेल मंत्रालय भारतीय ओलम्पिक संघ और राष्ट्रीय खेल महासंघों की स्वायत्तता पर हमला करने का प्रयास कर रहे हैं। इसे लेकर माकन ने कहा, "सरकार किसी खेल महासंघ पर नियंत्रण नहीं करना चाहती। सरकार का मत है कि उससे मदद लेने वाली हर एक संस्था को सूचना का अधिकार के अंतर्गत आना चाहिए क्योंकि लोगों को जानने का मन है कि अगर आप कोई टीम चुन रहे हैं तो उसमें कितनी पारदर्शिता बरती जा रही है।"


