उपवास से कैंसर के उपचार में मदद

Hits: 69 smaller text tool iconmedium text tool iconlarger text tool icon

Fasting in the treatment of cancerएक अध्ययन से पता लगा है कि कम समय तक उपवास रखना कैंसर से लडने की ताकत देता है और उसके उपचार को कारगर बनाता है।

दक्षिणी केलिफोर्निया विश्वविद्यालय के अनुसंधानकर्ताओं ने पाया कि उपवास कैंसर की वृद्धि को रोकता है और जब कीमोथेरेपी के दौरान इसे रखा जाय तो इसका अधिक लाभ मिलता है।

उन्होंने कहा कि इस शोध से नये कारगर इलाज की पद्धति विकसित करने में मदद मिलेगी। इस बारे में अनुसंधान चल रहा है।

चूहों पर किये गये प्रयोग से पता चला कि भूखा रखने पर कैंसर की कोषिकाओं ने सामान्य कोषिकाओं की तुलना में अधिक सक्रियता दिखायी। बजाय सुस्त पडे रहने के कोषिकाओं ने विभाजित होना शुरू किया और अन्तत: वे नष्ट हो गईं।

डेली मेल ने अनुसंधानकर्ता प्रोफेसर वाल्टर लोंगो के हवाले से कहा कि यह एक तरह से कोषिकाओं की आत्महत्या जैसी प्रक्रिया है।

शोध साइंस ट्रान्सलेशनल मेडीसन पत्रिका में छपा है। अनुसंधान करने वाले दल ने पाया कि कीमोथेरेपी के दौरान स्तन कैंसर मस्तिष्क कैंसर तथा स्नायु उत्तकों में होने वाले कैंसर न्यूरोब्लास्टोमा में उपवास के कारण कैंसर की वृद्धि धीमी देखी गयी।

कीमोथेरेपी के साथ भूखा रखने पर चूहों में कैंसर की बीमारी में काफी हद तक इलाज हो सका जबकि बगैर भूखे रखे कीमोथेरेपी करने पर कोई चूहा नहीं बचाया जा सका।

अनुसंधानकर्ताओं का कहना है कि वह मनुष्यों पर उपवास के प्रभाव का अध्ययन कर रहे हैं लेकिन इसकी पुष्टि के लिये कई साल तक क्लिनिकल परीक्षण की जरूरत होगी। उन्होंने साथ ही यह रेखांकित किया जिन रोगियों का काफी वजन घट चुका है अथवा अन्य जोखिम का जिन्हें खतरा है उनके लिये उपवास रखना खतरनाक होगा।

प्राथमिक तौर पर किये गये एक क्लिनिकल परीक्षण के नतीजे जून में शिकागो में होने वाले अमेरिकन सोसायटी आफ कैंसर ओनकोलाजिस्ट्स में प्रस्तुत किये जायेंगे।

प्रोफेसर लोंगो का कहना है कि अध्ययन में केवल यह पता लगाया गया कि क्या मरीज कीमोथेरेपी से दो दिन पहले और एक दिन बाद भूख बर्दाश्त कर सकता है। उन्होंने कहा, हम नहीं जानते कि क्या यह मानव में भी कारगर है।